हागिया सोफिया का दुबारा मस्जिद बनना मस्जिद ए अक़्सा की आज़ादी का पहला कदम- रजब तैयब एर्दोगन

तु’र्की राष्ट्र’पति रजब तै’यब एर्दो’गन ने हागि’या सो’फिया म्यूजि’यम को मस्जि’द में ऐलान करने के बाद मु’स्लिम दुनिया मे ख़ुशी का माहौल है । एर्दो’गन ने हा’गिया सोफि’या के म’स्जिद में बदलने के बाद एक वीडीओ जारी किया है, हम इस वीडीओ और प्रेस नोट में जो एर्दोगन ने कहा है उसे इं’ग्लिश/अ’रबी को हिंदी भाषा मे बदल रहे है । आज ए’र्दोगन के इस बयान को जरूर पढ़ें ।(LAST IMAGE)

एर्दोगन ने पूरी दुनिया के मु’सल’मा’नों को सं’बो’धित करते हुए कहा कि हागि’या सोफि’या का म’स्जिद में बद’लना एक बार फिर मस्जिद ए अक़्सा की स्व’तंत्रता की ओर पहला कदम है । एर्दो’गन ने आगे कहा कि हा’गिया सो’फिया का म्यूजियम से म’स्जिद में बदलना पूरी दुनिया के मुस’लमा’नों के लिए एक नई शुरुआत है । उन्होंने कहा कि ये मुसल’मानों को अँधरे के युग से बाहर निकालने के किये किया गया है ।

masjid e aqsa

एर्दोगन ने कहा कि हागि’या सोफि’या का म’स्जिद में बद’लने का रास्ता सिर्फ मुसल’मानों के लिए नही बल्कि जो जो भी उत्पी’ड़’न का शि’का’र हुए है ये उनका भी प्रति’नि’धित्व करता है । एर्दोगन ने मुस्लिम इतिहास को फिर से दोहराने के लिए उन्हें याद दिलाते हुए कहा कि बुखारा से लेकर उन्दुलुस हागि’या सो’फिया तक जितनीं भी हमारी सभ्य’ताए है , इतिहास है जिन्हें भु’ला दिया गया ।

और सुल्ता’न मे’हमत का भ’रोसा जिन्होंने हागि’या सो’फिया को म’स्जिद बनाया आज वो फिर से 86 साल बाद आबाद है । उन्होंने हागि’या सो’फिया को म’स्जिद बनाने एक मिशन बताया । उन्होंने ये भी कहा कि जो मुस’लमा’नों पर अ’त्या’चा’र करते है उनको ये जवाब भी है । एरोडो’गन ने पूरी दुनिया के इस्ला’मिक देशों को सम्बो’धित करते हुए कहा कि हाल ही के समय मे जो तु’र्की ने निर्णय लिए वही सभी की भलाई के लिए ।

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उन्होंने आगे कहा कि अ’ल्ला’ह त’बारक व तआला की इच्छा के अनुसार वह आगे भी इस प्रकार बिना रुके दृण।फैसले लेते रहेंगे ।बता दे, हा’गिया सोफि’या के म्यूजिय’म से मस्जि’द में बदलने के बाद अमेरिका, ग्रीक के साथ कुछ मु’स्लिम में भी ख’लबली मची हुई है । हागिया सोफिया आज एक ऐतिहा’सिक इमारत है जिसकी चर्चा पूरी दुनिया मे हो रही है । आज मुस्लि’म जगत में भी इसे मुसल’मानों के नए अध्याय के तौर पर देखा जा रहा है ।

हा’गिया सो’फिया में सुल्ता’न मेहमत ने 1430 में जब कुस्तुन्तुनिया को फतह किया तो जोहर की नमाज़ अदा की । यह ऐतिहा’सिक म’स्जिद पहले चर्च हुआ करती थी,लेकिन सुल्तान मेहमत ने इस ईसाइयों द्वारा रकम देकर खरीदा जिसके कागजात आज भी मौजूद है । यह ई’साई धर्म को मानने वाले ई’साइयों के तीनों फिरको में रही है ।

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ऑर्थोडॉक्स ईसाइयों ने इस पर सबसे ज्यादा राज़ किया उंसके बाद मुसलमानों ने इस पर राज किया । उस्मानिया सल्तनत ने 1430 में कुटुंतुनिया को फतह किया उंसके बाद से लेकर 1923 तक हागिया सोफिया में नमाज़ हुआ करती थी लेकिन प्रथम विश्व युध्द में हार के बाद तुर्की में नई हुकूमत आए, जिसके सदर कमाल पाशा थे ।

hagia sophia

कमाल पाशा ने हागिया सोफिया को मस्जिद से म्यूजियम में बदल दिया । 1923 से लेकर 9 जुलाई 2020 तक हागिया सोफिया म्यूजियम में ही रह लेकिन तुर्की कोर्ट ने 10 जुलाई 2020 को हागिया सोफिया को मस्जिद में बदलने का फैसला किया । कोर्ट और एर्दोगन के इस फैसले की पूरी दुनिया मे तारीफ हो रही है ।

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